कानपुर IIT के दीक्षांत प्रोग्राम में इस बार विश्वनाथन आनंद और प्रो राव को दी जाएगी उपाधि

Posted by: Publlic Akrosh ADMIN Friday 24th of June 2016 06:19:49 PM

कानपुर- IIT कानपुर में होने वाले दीक्षांत समारोह में इस बार देश के महान वैज्ञानिक सी एन आर राव और शतरंज खिलाड़ी विश्वनाथन आनंद को मानक उपाधि से नवाजा जाएगा। इसको लेकर आईआईटी प्रशासन ने तैयारी कर ली है। बता दें, IIT के इतिहास में पहली बार 151 पीएचडी स्कॉलर को डिग्री दी जा रही है।

- आईआईटी कानपुर में 27 जून को पीजी और 28 जून को यूजी के छात्रो का दीक्षांत समारोह किया जाएगा। 
- इसमें करीब 1803 छात्रों को डिग्री दी जाएगी, जिसका अनुमोदन सीनेट ने भी कर दिया है।
- बीटेक कंप्यूटर ऑफ साइंस के छात्र आयुश को प्रेसिडेंट गोल्ड मैडल अवार्ड दिया जाएगा।
- समारोह में शतरंज के महान खिलाड़ी पदम् भूषण से सम्‍मानित विश्वनाथन आनंद और भारत रत्न सी एन आर राव को डॉक्टर ऑफ साइंस के मानक उपाधि से नवाजा जाएगा।
प्रो. सीएनआर राव
- बेंगलुरु के एक कन्नड़ परिवार में जन्मे प्रो राव ने 1951 में मैसूर यूनिवर्सिटी से पोस्‍ट ग्रेजुएशन और BHU से पोस्‍ट ग्रेजुएशन किया है। 
- इसके बाद 1958 में इन्होंने पीएचडी की और 1961 में डीएससी की उपाधि प्राप्त की। 
- 1963 में राव आईआईटी कानपुर में एक संकाय सदस्य के रूप में जुड़े। 
- उन्हें कई यूनिवर्सिटी से डॉक्टरेट की मानद उपाधि प्राप्त हो चुकी है।
- दर्जन भर से ज्यादा मैडल जीतकर अपना कीर्तिमान स्थापित कर चुके सी एन आर राव को साल 2014 में भारत रत्न से नवाजा जा चुका है।
विश्वनाथन आनंद
- तमिलनाडू के मयिलाद्थ्रल में 11 दिसम्बर १९६९ में जन्में विश्वनाथन आनंद दो भाई-बहन में सबसे छोटे हैं। 
- इन्होंने अपनी शिक्षा की शुरुआत एग्मोर चेन्नई के डॉन बोस्को मैट्रिकुलेशन हायर सेकेंडरी स्कूल से की। 
- इसके बाद लोयोला कॉलेज से डिग्री हासिल की। आनंद ने 6 साल की उम्र से ही शतरंज सिखाना शुरू कर दिया था। 
- इसमें इनकी मां की सबसे खास दोस्‍त दीपा रामकृष्णन ने भी काफी मदद की।
- साल 1988 में इनको शतरंज में ग्रैंडमास्टर के खिताब से नवाजा गया। 
- कई बार वर्ल्ड चैम्पियन रहे विश्वनाथन आनंद को साल 1991-92 में राजीव गांधी खेल रत्न से भी नवाजा जा चुका है।
- इसके अलावा इन्‍हें साल 2007 में पदम् विभूषण भी मिल चुका है।

इन छात्रो को मिलेगी डिग्री
- 27 और 28 जून को होने वाले दीक्षांत समारोह में बीटेक के 497 छात्रों, बीएस के 50, ड्युअल डिग्री में 320, एमएस की दो वर्षीय के 174, एमटेक के 515, एमडैस के 151, और बीएफएलएम के 40 छात्रो को डिग्री दी जाएगी।
 

Leave a Comment